वरिष्ठ आरक्षकों के लिए कैप्सूल कोर्स प्रशिक्षण कार्यशाला के तृतीय दिवस एसएसपी बेमेतरा रामकृष्ण साहू हुए शामिल… वरिष्ठ आरक्षकों को विवेचना दायित्व सौंपने से पूर्व कानूनी प्रशिक्षण….

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वरिष्ठ आरक्षकों के लिए कैप्सूल कोर्स प्रशिक्षण कार्यशाला के तृतीय दिवस एसएसपी बेमेतरा हुए शामिल… वरिष्ठ आरक्षकों को विवेचना दायित्व सौंपने से पूर्व कानूनी प्रशिक्षण।


बेमेतरा, 11 जुलाई 2025 –वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बेमेतरा  रामकृष्ण साहू  के निर्देशन में तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती ज्योति सिंह के मार्गदर्शन में पुलिस कार्यालय स्थित मीटिंग हॉल में वरिष्ठ आरक्षकों हेतु एक सप्ताह की कैप्सूल कोर्स प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।

प्रशिक्षण के तृतीय दिवस पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बेमेतरा श्री रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) ने कार्यशाला में शामिल होकर प्रशिक्षुओं को मार्गदर्शन प्रदान किया। एसएसपी बेमेतरा रामकृष्ण साहू (IPS) ने अपने उद्बोधन में कहा कि भारतीय न्याय संहिता 2023 में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं समयबद्ध न्याय सुनिश्चित करने हेतु अनेक महत्वपूर्ण प्रावधान जोड़े गए हैं।

उन्होंने विशेष रूप से अपराध स्थल के निरीक्षण, प्रथम सूचना रिपोर्ट, नक्शा, फोटोग्राफी-वीडियोग्राफी एवं साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया पर बल दिया और कहा कि समाज को सुरक्षित व सुव्यवस्थित बनाए रखने में पुलिस की जिम्मेदारी अहम है।उन्होंने वरिष्ठ आरक्षकों से कहा कि वे अपने कर्तव्यों का निर्वहन निष्ठा, ईमानदारी एवं टीम भावना से करें, और आमजन के साथ सद्भाव पूर्ण व्यवहार बनाए रखें।

इस प्रशिक्षण कार्यशाला का उद्देश्य है कि* क्रमोन्नत वेतनमान मैट्रिक्स- 06 प्राप्त वरिष्ठ आरक्षकों को विवेचना कार्य में सक्षम बनाते हुए उन्हें भारतीय न्याय संहिता 2023 के अंतर्गत उल्लेखित अपराधों की बारीकियों से परिचित कराना। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, इन्हें अध्याय 5, 6, 11, 12, 13, 14, 15 एवं 17 के अंतर्गत अपराधों की जांच का दायित्व सौंपा जाएगा।

प्रशिक्षण के दौरान इन सभी अध्यायों के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर गहराई से चर्चा की गई, जैसे: अध्याय 5: महिलाओं एवं बच्चों के विरुद्ध अपराध, अध्याय 6: मानव शरीर को हानि पहुंचाने वाले अपराध, अध्याय 11-13: लोक प्रशांति, लोक सेवक से संबंधित अपराध, अध्याय 14: मिथ्या साक्ष्य व न्याय प्रक्रिया में बाधा, अध्याय 15: लोक स्वास्थ्य, सुविधा व सदाचार से संबंधित अपराध, अध्याय 17: संपत्ति संबंधी अपराध के विषय का उल्लेख है, पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य वरिष्ठ आरक्षकों को इन अपराधों की जटिलताओं को समझने और विवेचना के दौरान प्रभावी निर्णय लेने के लिए तैयार करना।

इस अवसर पर डीएसपी श्रीमती कौशिल्या साहू, निरीक्षक चंद्रदेव वर्मा, सहित विभिन्न थाना/चौकी से आए वरिष्ठ आरक्षक भी उपस्थित थे।


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