नई दिल्ली 29 सितंबर 2023 :- प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज नई दिल्ली के भारत मंडपम में जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट फिनाले कार्यक्रम को संबोधित किया। जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट पहल की शुरुआत करने का उद्देश्य भारत के युवाओं के बीच भारत की जी 20 अध्यक्षता की समझ को विस्तार देना और विभिन्न जी 20 आयोजनों में उनकी भागीदारी को बढ़ाना है। प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर 4 पुस्तकों का भी विमोचन किया, जिनके नाम हैं भारत की जी 20 अध्यक्षता की भव्य सफलता: दूरदर्शी नेतृत्व, समावेशी दृष्टिकोण; भारत की जी 20 अध्यक्षता: वसुधैव कुटुंबकम; जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट कार्यक्रम का सार-संग्रह; और जी 20 में भारतीय संस्कृति का प्रदर्शन।

जी 20 जनभागीदारी आंदोलन में देश भर के विभिन्न स्कूलों, उच्च शिक्षा संस्थानों और कौशल विकास संस्थानों के 5 करोड़ से अधिक युवाओं की रिकॉर्ड भागीदारी हुई। जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट पहल, भारत के युवाओं के बीच भारत की जी 20 अध्यक्षता की समझ का विस्तार करने और विभिन्न जी 20 आयोजनों में उनकी भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से शुरू की गई थी। इस कार्यक्रम में भारत भर के विश्वविद्यालयों के 1 लाख से अधिक छात्र शामिल हुए। शुरुआत में भारत की आजादी के 75 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में 75 विश्वविद्यालयों को शामिल करने की योजना बनाई गई थी, इस पहल ने अंततः पूरे भारत में 101 विश्वविद्यालयों तक अपनी पहुंच का विस्तार किया।


जी-20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट पहल के तहत देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें उच्च शिक्षा संस्थानों की व्यापक भागीदारी हुई। इसके अलावा, पहल की शुरुआत विश्वविद्यालयों के लिए एक कार्यक्रम के रूप में हुई थी, जो तेजी से बढ़ती गयी और इसमें स्कूल और कॉलेज भी शामिल हो गए तथा इस प्रकार इसकी पहुँच और व्यापक हो गयी।

कार्यक्रम मे इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय, अमरकंटक, के अर्थशास्त्र विभाग के शोध छात्र आलोक कुमार सिंह को युवा जी 20 अंबेसडर के रूप में नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित कार्यक्रम शामिल होने का मौका मिला और 101 संस्थानों के युवा प्रतिनिधि के तौर पर माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के स्वागत करने का भी मौका मिला ।

इस कार्यक्रम में इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. श्री प्रकाश मणि त्रिपाठी, प्रो. रक्षा सिंह कोऑर्डिनेटर जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट, अर्थशास्त्र विभाग, प्रो.शामल, डॉ विनोद सेन, और विश्वविद्यालय के छात्र में शामिल रहे।कार्यक्रम मे आर आई एस के डायरेक्टर जनरल प्रोफेसर सचिन चतुर्वेदी ने G-20 के आयोजन पर विस्तार पूर्वक चर्चा करते हुए इसके उद्देश्यों एवं भारत के वर्तमान एवं आगामी आर्थिक व्यवस्था पर प्रकाश डाला।

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत दो सप्ताह पहले जी 20 शिखर सम्मेलन के दौरान भारत मंडपम की चहल – पहल को याद करते हुए की और कहा कि यह जगह पूरी तरह से गतिविधियों का केंद्र बन गई है। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की कि वही स्थल, आज भारत के भविष्य का गवाह बन रहा है। भारत ने जी 20 जैसे आयोजन के मानकों को ऊपर उठाया है और दुनिया इससे बेहद आश्चर्यचकित है, जैसे तथ्यों को रेखांकित करते हुए श्री मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि यह बिल्कुल भी आश्चर्यजनक नहीं हैं, क्योंकि भारत के होनहार युवाओं ने इस तरह के आयोजन से स्वयं को जोड़ा है। उन्होंने कहा, “इस तरह के पैमाने वाले आयोजनों का सफल होना निश्चित हो जाता है, जब इनकी जिम्मेदारी युवा ले लेते हैं।” प्रधानमंत्री मोदी ने भारत में हो रही गतिविधियों का श्रेय देश की युवा ऊर्जा को दिया।

प्रधानमंत्री ने कहा कि युवा वहीं प्रगति करते हैं, जहां आशावाद, अवसर और खुलापन होता है। प्रधानमंत्री ने युवाओं से बड़ा सोचने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, “ऐसी कोई उपलब्धि नहीं है, जो आपसे परे हो या देश आपके पीछे न खड़ा हो।” उन्होंने कहा कि किसी भी अवसर को छोटा नहीं समझना चाहिए और हर गतिविधि को एक मानदंड (बेंचमार्क) में बदलने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने जी-20 का उदाहरण देकर इसे स्पष्ट किया, जो महज एक कूटनीतिक और दिल्ली-केंद्रित कार्यक्रम हो सकता था। इसके बजाय, “भारत ने जी 20 को एक ऐसा राष्ट्रीय आंदोलन बना दिया, जो लोगों द्वारा संचलित किया गया।“ उन्होंने इस आयोजन में युवाओं की भागीदारी की सराहना की, क्योंकि जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट में 100 से अधिक विश्वविद्यालयों के 1 लाख से अधिक छात्रों ने भाग लिया। सरकार ने जी 20 को स्कूलों, उच्च शिक्षा संस्थानों और कौशल विकास संस्थानों के 5 करोड़ छात्रों तक पहुंचाया। उन्होंने कहा, “हमारे लोग बड़ा सोचते हैं और उससे भी बड़े स्तर पर काम पूरा करते हैं।”
जी 20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट फिनाले में भाग लेने वाले विश्वविद्यालयों के लगभग 3,000 छात्र, संकाय सदस्य और कुलपति शामिल हुए, जबकि देश भर के छात्र इसके लाइव कार्यक्रम में शामिल हुए।




