7 हजार करोड़ टन के लिए बीएसपी के एक्सपांशन
प्रोजेक्ट में एमएसएमई की भागीदारी सुनिश्चित
करेंगे : महापात्रा
00 एमएसएमई जिला उद्योग संघ ने बीएसपी के
नए डायरेक्टर इंचार्ज से की शिष्टाचार मुलाकात
00 डायरेक्टर इंचार्ज ने एमएसएमई की लोकल
इकाइयों में दिखाई दिलचस्पी

भिलाई नगर 03 अगस्त 2025:- बीएसपी के नए डायरेक्टर इंचार्ज चितरंजन महापात्रा से 2 अगस्त ,शनिवार को एक शिष्टाचार के तहत एमएसएमई जिला उद्योग संघ के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। संघ के अध्यक्ष के के झा के नेतृत्व में कॉन्फ्रेंस हॉल में डायरेक्ट इंचार्ज का पुष्पगुच्छ और शॉल से सम्मान किया गया तथा उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी गई।

चर्चा से पूर्व एमएसएमई प्रतिनिधिमंडल के सभी सदस्यों से डायरेक्ट इंचार्ज श्री महापात्रा को अपना परिचय दिया। प्रतिनिधि मंडल जो प्रश्न लेकर चर्चा में गया था उससे ज्यादा उन्हें डायरेक्टर इंचार्ज की ओर से समाधान मिल गया। तत्पश्चात डायरेक्टर इंचार्ज श्री महापात्रा ने कहा कि यहां पर जो लोकल एमएसएमई है उनको ज्यादा से ज्यादा काम मिले यह उनका प्रयास होगा। भिलाई इस्पात संयंत्र का जो एक्सपांशन होने वाला है 7 हजार करोड़ टन के लिए, उसमें एमएसएमई उद्योगों की भागीदारी दिलाने की कोशिश करेंगे। इसके अलावा तीन मिलियन टन का एक्सपांशन और आने की संभावना है उसमें भी एमएसएमई को काम मिलेगा। उन्होंने कहा की भिलाई के श्रमिक, उद्योग और यहां का माहौल प्लांट के लिए हितकारी हैं। इसलिए ऐसे कार्य किए जाएं तो कोई दिक्कत नहीं है।
उन्होंने उदारतापूर्ण कहा कि जिस तरह से एमएसएमई का उन्हें परिचय मिला है और उन्हें यह जानकारी हुई है कि यहां का एक उद्योग इसरो को पेंट की सप्लाई कर रहा है वही एक फैब्रिकेशन वर्क करने वाला यूनिट भारत के सबसे बड़े ब्रिज में काम कर रहा है तब उन्हें यहां बीएसपी में काम नहीं मिलेगा तो कहां मिलेगा।
डायरेक्टर इंचार्ज एसआई महापात्रा ने एमएसएमई के एक-एक इकाइयों में रुचि दिखाई और सभी चीजों को समझा। उन्होंने यहां होने वाले फैब्रिकेशन, मशीनिंग, इलेक्ट्रिकल केबल, मिनिरल वॉटर, केमिकल फैक्ट्री, स्टील ट्रेडिंग आदि की पूरी जानकारी ली।
चर्चा के दौरान ही बीच में मांग उठी कि एमएसएमई उद्योग जिस तरह सीपीडी में काम कर रहे हैं उसी तरह कॉन्ट्रैक्ट सेल में भी काम करने का मौका दिया जाए। इस पर सीजीएम एमएम के सी मिश्रा ने आश्वस्त किया कि यह काम आसान है और इसे जल्द ही कर दिया जाएगा। उन्होंने 2022 तक के पेंडिंग ऑर्डर को भी क्लोज करने की प्रक्रिया को प्रक्रिया में होना बताया।
इस दौरान डायरेक्टर इंचार्ज श्री महापात्रा ने एमएसएमई का एक डाटा तैयार किए जाने की सलाह दी। लेटेस्ट 3 वर्ष में यहां के स्थानीय एमएसएमई उद्योगों का क्या डाटा है। उन्होंने किस तरह डेवलप किया है। कहां आधुनिक मशीन लगी है। क्या काम कर सकते हैं। यह सब जानकारी उस डाटा में हो। उन्होंने एमएसएमई उद्योगों को ज्यादा से ज्यादा काम देने का आश्वासन दिया।
संघ के अध्यक्ष श्री झा ने कहा कि एमएसएमई जो पूरे भारत की रीढ़ की हड्डी माना जाता है उन्हें शासन द्वारा हर तरह की सुविधा दी गई है। हमें उम्मीद है कि उसी की तरह यहां भी एमएसएमई उद्योगों को सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि पूर्व में कुछ अड़चन आई थी लेकिन वह दूर हो जाने की उम्मीद है।
वरिष्ठ उपाध्यक्ष अरविंदर सिंह खुराना ने कहा कि बीएसपी में जो भी बड़े-बड़े प्रोजेक्ट आ रहे हैं उसमें एमएसएमई को प्राथमिकता से शामिल किया जाए। महासचिव अंकित मेहता ने कहा कि प्लांट का माल जो हम उठा रहे हैं उसमें कुछ में गुणवत्ता की कमी देखने को मिल रही है। इसके कारण लोकल को डिलीवरी में प्रॉब्लम आ रहा है इसमें सुधार किया जाए।
चर्चा में संघ के प्रतिनिधिमंडल में अध्यक्ष के के झा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अरविंदर सिंह खुराना, महासचिव अंकित मेहता, सचिव मयूर कुकरेजा, उपाध्यक्ष विजय अग्रवाल, सीपीडी इंचार्ज देशराज यादव, रामकुमार बंसल, वरिष्ठ सदस्य जी के जैन, आर के सिंह, अभिजीत शुक्ला तथा बीएसपी प्रबंधन की ओर से ए के चक्रवर्ती ईडी एमएम, के सी मिश्रा सीजीएम एमएम, आयान मिश्रा सीजीएम एमएम एवं दीपांकर राय जीएम उपस्थित थे।





